PM मोदी की डिग्री, DU ने बताया इस वजह से सार्वजनिक नहीं कर सकते

नई दिल्ली :। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की डिग्री सार्वजनिक करने को लेकर केंद्रीय सूचना आयोग (सीआइसी) के आदेश पर दिल्ली हाई कोर्ट ने अंतरिम रोक लगा दी है। सीआइसी ने आदेश दिया था कि वर्ष 1978 में दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) से बीए की परीक्षा पास करने वाले सभी छात्रों की सूचना सार्वजनिक की जाए। इसी वर्ष नरेंद्र मोदी ने भी डीयू से बीए पास किया था। इस आदेश के खिलाफ हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया गया था।

न्यायमूर्ति संजीव सचदेवा की पीठ ने सुनवाई के दौरान सीआइसी के आदेश पर अंतरिम रोक लगाते हुए इसपर सूचना प्राप्त करने की अपील करने वाले शख्स को अपना जवाब दाखिल करने के लिए कहा है। मामले की अगली सुनवाई अब 27 अप्रैल को होगी।

वहीं, डीयू का कहना था कि सीआइसी का आदेश एकदम मनमाना है। कानून की दृष्टि से भी यह कहीं नहीं टिकता है। किसी व्यक्ति की निजी जानकारी को अन्य शख्स को नहीं दिया जा सकता है। कहा गया कि यदि सीआइसी के आदेश पर याची को सूचना मुहैया करा दी गई तो देश भर के विश्वविद्यालयों में पढ़ने वाले करोड़ों छात्रों की जानकारी प्राप्त करने के लिए याचिकाएं लगने लगेंगी।

डीयू की तरफ से कहा गया कि बिना कोई ठोस कारण बताए सूचना सार्वजनिक करने का आदेश पारित किया गया। कोई कारण नहीं बताया गया है, जिससे यदि सूचना सार्वजनिक नहीं की गई तो करोड़ो लोग इससे प्रभावित होंगे। ऐसे में यह जानकारी सार्वजनिक करने का आदेश देना सीआइसी की न्यायिक क्षमता से बाहर है। सीआइसी ने अपने आदेश में कहा था कि यदि किसी को इस जानकारी से फायदा नहीं होगा तो नुकसान भी नहीं होगा।

Post a Comment

0 Comments